ऋषिकेश- चंडीगढ़ एक्सप्रेस के 14 डिब्बे पटरी से उतरे, दो की मौत, 31 घायल
त्रिवेणी न्यूज 24
गोंडा रेलवे स्टेशन से गोरखपुर वाया डिब्रूगढ़ जा रही चंडीगढ़-डिब्रूगढ़ एक्सप्रेस की 14 बोगियां पटरी से उतरकर पलट गईं। इनमें दो एसी कोच रेल पटरी के बगल खंती में भरे पानी में पलट गये। इससे पहले तेज रफ्तार ट्रेन के दो कोच बेपटरी हो गये। हादसा गोंडा-गोरखपुर रेल मार्ग पर मोतीगंज से झिलाही बाजार के बीच पिकौरा गांव के पास हुआ है। इसमें दो यात्रियों की मौके पर मौत हो गई, दो अन्य मरणासन्न हालत में लखनऊ रेफर कर दिये गये। कुल 31 रेलयात्री घायल हैं। हादसे की प्रारंभिक वजह बारिश से पटरी के दोनों तरफ जलभराव होने से ट्रैक का बैठना बताया जा रहा है। बोगियों के बेपटरी होने से लगभग 500 मीटर ट्रैक उखड़ गया, जबकि इलेक्ट्रिक लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई। दुर्घटना के बाद डीएम नेहा शर्मा और एसपी विनीत जायसवाल के साथ अन्य अफसरों ने मौके पर पहुंचकर राहत कार्य तेज कराया। डीएम ने बताया कि दो शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है, जबकि घायलों का बेहतर उपचार कराया जा रहा है। आसपास के ग्रामीणों ने पलटे एसी कोच के शीशे तोड़कर अंदर फंसे यात्रियों को बाहर निकाला। एसडीआरएफ, पुलिस व आरपीएफ के जवानों ने मोर्चा संभाल लिया।
पूर्वोत्तर रेलवे की महाप्रबंधक सौम्या माथुर ने लिया घटनास्थल का जायजा _
पूर्वोत्तर रेलवे की महाप्रबंधक सौम्या माथुर ने घटनास्थल का जायजा लिया। उन्होंने दो रेल यात्रियों की मौत की पुष्टि करते हुए बताया कि इनकी शिनाख्त की जा रही है। हादसे में 31 रेल यात्री घायल हुए हैं, जिनमें दो गंभीर हैं। 26 घायलों को मनकापुर सीएचसी व तीन अन्य घायलों को सीएचसी काजीदेवर में भर्ती कराया गया है। नौ घायलों को गोंडा मेडिकल कॉलेज लाया गया हैं। पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिये गये हैं। चंडीगढ़-डिब्रूगढ़ एक्सप्रेस ट्रेन चंडीगढ़ से बुधवार की रात 11.59 बजे डिब्रूगढ़ के लिए चली थी। बृहस्पतिवार को ट्रेन गोंडा रेलवे स्टेशन पर दोपहर 2.25 बजे पहुंची थी और 2.28 बजे रवाना हुई। गोंडा मुख्यालय से करीब 18 किलोमीटर दूर मोतीगंज-झिलाही बाजार के बीच में पिकौरा गांव के पास ट्रेन करीब 2.41 बजे पहुंची थी। जहां ट्रेन बेपटरी होकर पलट गई। 24 बोगियों वाली ट्रेन के इंजन के बाद एसी की छह बोगियां लगीं थीं, जिसमें दो बोगी पटरी से उतरकर नीचे गिरीं, इसके बाद एसी की चार अन्य बोगियां भी पटरी से लटक गईं। गाड़ी की रफ्तार सौ किमी प्रतिघंटे से अधिक होने के चलते अचानक ब्रेक लगाना प्रमुख कारण रहा। बताया जा रहा है कि इसके बाद ट्रेन के करीब आठ अन्य बोगियां भी पटरी से उतरकर गईं। देर शाम तक एसी की दो बोगियां पटरी के नीचे पानी में पड़ी हैं।
यात्रियों ने इसमें कुछ लोगों के फंसे होने की जानकारी दी गई। इस पर एनडीआरएफ की टीम ने बोगियों को खंगाला। देर शाम तक बोगियों की पड़ताल हुई, किसी के फंसे होने की पुष्टि हो प्रशासन ने नहीं की। हादसे में गोंडा-गोरखपुर रेलवे लाइन की करीब 200 मीटर तक की लाइन भी उखड़ गई है, वहीं इलेक्ट्रानिक तार भी टूट गये हैं। घायलों को अस्पताल पहुंचाने के साथ ही यात्रियों को मनकापुर रेलवे स्टेशन भेजा गया। जहां से उन्हें आगे की यात्रा के लिए ट्रेन मिल सके। हादसे के चलते 11 ट्रेनों को डायवर्ट किया गया।
पूर्वोत्तर रेलवे ने जारी किये पांच हेल्पलाइन नंबर
पूर्वोत्तर रेलवे के जनसंपर्क _ अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने चंडीगढ़-डिब्रूगढ़ एक्सप्रेस के दुर्घटनाग्रस्त यात्रियों की मदद की कार्रवाई के बारे में जानकारी दी। राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर किया जा रहा है। रेल यात्रियों की मदद एवं अन्य जानकारी के लिए रेलवे द्वारा हेल्पलाइन नंबर जारी किये गये हैं। वहीं हादसे के चलते इस रूट पर आने व जाने वाली सभी ट्रेनों को डायवर्ट कर दिया गया है। लखनऊ से वाया अयोध्या गोरखपुर के लिए ट्रेनें रवाना की जाएंगी। गोंडा के लिए 8957400965, लखनऊ के लिए 8957409292, सीवान के लिए 9026624251, छपरा के लिए 8303979217 तथा देवरिया सदर के लिए 8303098950 हेल्पलाइन नंबर जारी किया है। वहीं डीएम गोंडा ने कंट्रेाल रूम का नंबर 05262- 230125, 358560 नंबर जारी किया है।
