ऋषिकेश- 12 दिन के नवजात बच्चे को एम्स ऋषिकेश में बेड न मिलने पर हुई मौत
त्रिवेणी न्यूज 24
ऋषिकेश- स्वास्थ्य मंत्री धन सिंह रावत की सिफारिश पर रुड़की से ऋषिकेश एम्स में उपचार के लिए लाए गए12 दिन के बच्चे को आईसीयू बेड नहीं मिलने से उसकी मौत हो गई।
मृतक नवजात के पिता रुड़की निवासी भूपेंद्र सिंह 1अगस्त की शाम को रुड़की से अपने बच्चे की तबीयत खराब होने के बाद एम्स ऋषिकेश उपचार के लिए लाये थे। उनका कहना है कि बच्चे का पेट फूल रहा था, संभवत इंफेक्शन था। जिसे रुड़की से डॉक्टरों ने एम्स के लिए रेफर किया था। एम्स आने के बाद बच्चे को इमरजेंसी भर्ती किया गया था। एम्स के डॉ. संजीव मित्तल का कहना है कि बच्चे को ऑक्सीजन भी दिया गया था, लेकिन उस दौरान आईसीयू बेड उपलब्ध नहीं होने के कारण बच्चे को जौलीग्रांट भेजा गया। जिसे लेकर परिजन जब तक वहां पहुंचते बच्चे ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। एम्स के मेडिकल सुपरीटेंडेंट संजीव मित्तल का कहना है कि 1 अगस्त को जब बच्चे को लाया गया था तो इमरजेंसी में उसको देखा गया था ऑक्सीजन भी दी गई थी। लेकिन आईसीयू बेड नहीं होने के कारण बच्चे को अन्य जगह ले जाया गया। जहां रास्ते में उसकी मौत हो गई। उनका कहना है यहां पर जो भी मरीज आता है हम उसको उपचार देते हैं कोई कसर नहीं छोड़ते हैं।
12 दिन के बच्चे को 12 साल का बताने के मामले पर डॉक्टर मित्तल ने कहा मुझे जानकारी पहले 12 साल के बच्चे की दी गई थी। आज सुबह फिर मैंने जब पता किया तो पता चला कि बच्चा 12 साल का नहीं 12 दिन का था। उपेंद्र सिंह ने उक्त मामले की उच्चस्तरीय जांच कराए जाने के साथ दोषी चिकित्सकों पर कार्रवाई की मांग की है।
