ऋषिकेश- ठगी करने वाले गिरोह के 02 शातिर ठग गिरफ्तार, नगदी बरामद
त्रिवेणी न्यूज 24
ऋषिकेश – कोतवाली ऋषिकेश में शिकायतकर्ता डबल सिंह रावत पुत्र स्वर्गीय उत्तम सिंह रावत निवासी ग्राम पोस्ट गंगा भोगपुर यम्केश्वर पौड़ी के द्वारा एक प्रार्थना पत्र दिया गया। इसमें उन्होंने बताया कि दो व्यक्तियों के द्वारा जिसमें से एक ने डॉक्टर का पता पूछने के बहाने से मुझे रोका व दूसरा व्यक्ति कपड़े का व्यापारी बता कर बात करने लगा इसी बीच पहला व्यक्ति अपने को वृंदावन का पुरोहित बताकर प्रार्थी को धोखे में रखकर मेरा बैग जिसमें कुल 32000 रूपए नगद व अन्य कागजात थे को लेकर मेरे साथ धोखाधड़ी कर भाग गए।

शिकायतकर्ता की शिकायत पर कोतवाली ऋषिकेश में
मुकदमा पंजीकृत कर घटना की जानकारी उच्च अधिकारी गणों को दी गई। क्षेत्र में ठगी की इस घटना की गंभीरता के दृष्टिगत उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा तत्काल टीम गठित करते हुए, मुकदमे के शत-प्रतिशत अनावरण व अभियुक्तों की गिरफ्तारी करने हेतु आदेश दिए गए। प्रभारी निरीक्षक कोतवाली ऋषिकेश के द्वारा कोतवाली ऋषिकेश एवं एसओजी देहात की संयुक्त पुलिस टीम बनाकर दिशा निर्देश दिए। 25 नवंबर की सायं मुखबिर की सूचना पर बस अड्डे के पीछे से दो अभियुक्तों अमजद पुत्र महिउद्दीन निवासी ग्राम गोपालपुर मोहर टोला थाना ठाकुरगंगती जिला गोड्डा झारखंड, कबीर अंसारी पुत्र मोहिउद्दीन निवासी ग्राम गोपालपुर मोहर टोला थाना ठाकुरगंगती जिला गोड्डा झारखंड को आधार कार्ड के साथ गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से 33500 रूपए की नकदी बरामद की गई। पूछताछ करने पर दोनों अभियुक्तों के द्वारा बताया गया कि हम दोनों सगे भाई हैं झारखंड के रहने वाले हैं। पैसे कमाने के चक्कर में हम दोनों भाई साधु बाबाओं के तरीके से लोगों के परिवार की समस्याओं का समाधान करने के बहाने अपने झांसे में लेकर खासकर बुजुर्ग व महिलाओं को धोखा देकर उनका पैसा ज्वेलरी आदि सामान लेकर मौका देख कर भाग जाते हैं। 3 दिन पहले यही ऋषिकेश बाजार में हम दोनों ने एक बुजुर्ग व्यक्ति को रास्ते में रोककर उसके परिवार की समस्याओं के समाधान करने का झांसा देकर उसका बैग ले लिया और मौका पाकर वहां से भाग गए। जिसमें करीब 30000 रूपए नगद वह कुछ कागजात थे। बैग से पैसे व आधार कार्ड हमने अपने पास रख लिया तथा कपड़े और अन्य कागजात हमने सड़क किनारे नाली में फेंक दिए थे। अभियुक्तों के द्वारा बताया गया कि करीब 2 माह पूर्व भी हम दोनों ने ऋषिकेश मेन बाजार में टेंपो स्टैंड के पास एक महिला को झांसे में लेकर उसकी ज्वेलरी जिसमें एक सोने का पेंडल एक सोने की अंगूठी फोन व पर्स था लेकर भाग गए थे। पर्स में करीब 2000 रूपए थे। पैसे निकालकर हमने फोन को झारखंड जाते हुए ट्रेन से रास्ते में फेंक दिया था। और उसकी ज्वैलरी झारखंड में राह चलते व्यक्ति को मजबूरी बताकर 15000 में बेच दी थी। उस महिला की ज्वेलरी से जो पैसा मिला था वह हम दोनों ने अपने रहने खाने किराया आदि में खर्च कर लिया है। जिसमें से करीब 3500 रूपए कबीर के पास बच्चे हुए थे। आज भी हम दोनों ऋषिकेश में किसी को झांसा देकर ठगने के इरादे से आए थे कि आप लोगों के द्वारा पकड़ लिया गया। अभियुक्तों से पूछताछ एवं बरामदगी के आधार पर 2 माह पूर्व वादिनी चंदा सिलस्वाल पत्नी दीपक सिलस्वाल निवासी चोपड़ा फार्म ग्राम खदरी श्यामपुर ऋषिकेश के साथ हुई घटना का भी अनावरण किया गया। दोनो अभियुक्तों को न्यायाल मै पेश किया गया।
