ऋषिकेश- राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान विपक्ष ने किया हंगामा, 20 फरवरी को पेश होगा बजट
त्रिवेणी न्यूज 24
देहरादून _ उत्तराखंड के पंचम विधानसभा का पंचम सत्र आज राज्यपाल गुरमीत सिंह के अभिभाषण के साथ शुरू हुआ। अपने अभिभाषण में राज्यपाल ने सरकार की उपलब्धियों को सदन में रखा। इसके साथ ही उन्होंने सभी लोगों से प्रदेश के विकास में सहयोग करने का आह्वान किया। राज्यपाल का अभिभाषण शुरू होते ही विपक्ष ने सत्र की अवधि बढ़ाने सहित अन्य मुद्दों को लेकर सदन में हंगामा शुरू कर दिया। राज्यपाल के पूरे अभिभाषण के दौरान सदन में विपक्ष नारेबाजी करता रहा। राज्य का बजट 20 फरवरी को पेश होगा। राज्यपाल गुरमीत सिंह ने कहा कि रजत जयंती वर्ष में हम आगामी वर्ष में विकास की नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेंगे और हर क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि युवा प्रदेश सभी के सहयोग से समृद्ध उत्तराखंड और सशक्त उत्तराखंड की ओर तेजी से बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, देवभूमि उत्तराखंड ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में विभिन्न क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं जिसके फलस्वरुप हमारा प्रदेश सशक्त उत्तराखंड के लक्ष्य को प्राप्त कर रहा है। प्रदेश की मातृशक्ति, युवा शक्ति और पूर्व सैनिकों की अहम भागीदारी से उत्तराखंड सर्वश्रेष्ठ राज्यों की श्रेणी की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड स्वतंत्रता के बाद उत्तराखंड समान नागरिक संहिता लागू करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है। इसमें प्रमुख रूप से मातृशक्ति के अधिकारों को सुरक्षित किया गया है। इसके साथ ही यूसीसी के अंतर्गत जाति, धर्म, क्षेत्र और लिंग के आधार पर भेद करने वाले व्यक्तिगत नागरिक मामलों से संबंधित सभी कानून में एकरूपता लाई गई है।
प्रदेश सरकार की खेल नीतियों का ही प्रभाव रहा कि राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड के युवा खिलाड़ियों ने अभूतपूर्व प्रदर्शन कर प्रदेश का नाम रोशन किया। 38 वें राष्ट्रीय खेल में उत्तराखंड में 100 से अधिक मेडल जीतकर नया रिकॉर्ड बनाया है। राज्य में खेलों को बढ़ावा देने की उद्देश्य से खेल के इस महाकुंभ के आयोजन में हर वर्ष दो लाख से अधिक खिलाड़ियों द्वारा प्रतिभाग किया जाता है। इतना ही नहीं इन प्रतियोगिताओं में दिव्यांग खिलाड़ियों को भी खेलने का मौका मिलता है।
सीएम धामी ने किया ई-विधानसभा एप्लीकेशन का लोकार्पण _
सत्र शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूरी भूषण की उपस्थिति में मंगलवार को ई-विधान एप्लीकेशन (NeVA) का लोकापर्ण किया। इस बार विधानसभा का बजट सत्र नेशनल ई- विधान एप्लीकेशन के तहत संचालित किया जा रहा है।
उत्तराखण्ड में विधानसभा के कार्यों को डिजिटल और पेपरलेस बनाने के लिए ई-विधानसभा प्रणाली अपनाई गई है। इसके माध्यम से विधायकों को कार्यसूची, विधानसभा में पूछे गये प्रश्नों के जवाब और अन्य दस्तावेज अब ऑनलाइन उपलब्ध कराये जायेंगे। इसके तहत विधानसभा में विधायकों की टेबल पर टैबलेट लगाए गए हैं, और सभी दस्तावेज डिजिटल रूप से उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इससे पर्यावरण संरक्षण में मदद के साथ ही विधानसभा की कार्यवाही भी अधिक दक्षता से की जा सकेगी।
